सूरज चाँद सितारे ये सब नील गगन के सितारे...कविता-
ग्राम-तमनार, रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
सूरज चाँद सितारे ये सब नील गगन के सितारे-
पेड़ पौधा फूल धरती को प्यारे-
पशु पक्षी जीव जन्तू सभी न्यारे-
नहीं किसी के मन में कोई हिंसा-
नहीं रखते किसी की हानि का मनसा-
विचरते स्वच्छंदता जो मिलता खा लेते मन में नहीं संसा...
Posted on: Mar 10, 2020. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
रंग चुराया देहू से हमने गंध चुराया फूलो से...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
रंग चुराया देहू से हमने गंध चुराया फूलो से-
दिल चुराया नादानों से हमने-
दिल लगाया हर सुंदर से-
फिर भी मन साफ़ न रहा-
मन एक दुष्ट बंदर इधर उधर उछल कूद करता रहा-
फिर भी कहलाता शिकंदर...
Posted on: Mar 09, 2020. Tags: CG KANHAIYALAL KEWAT POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
मेरे मटमैले आँगन में फुदक रही गौरैया...कविता-
ग्राम-रक्सा, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) से दिव्या एक कविता सुना रही हैं:
मेरे मटमैले आँगन में फुदक रही गौरैया-
कच्ची मिट्टी की दीवारे घास पात का छाजन-
मैंने अपना नीड़ बनाया, तिनके तिनके चुन चुन-
यहाँ कहां तू आ बैठी हरियाली की रानी-
जी करता है तुझे घूम लूँ ले लूँ मधुर बलैया-
मेरे मटमैले आँगन में फुदक रही गौरैया...
Posted on: Mar 08, 2020. Tags: ANUPPUR DIVYA MP POEM SONG VICTIMS REGISTER
अहिसता अहिसता आ रहा फागुग...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
अहिसता अहिसता आ रहा फागुग-
पूर्णिमा का दिन-
आम चार तेंदू दूर रहा-
गरीब जनता रहा गुन-
कैसे मनाये होली का त्यौहार-
आम चार महुवा तेंदू बिन...
Posted on: Mar 08, 2020. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
कैसे होली खेलें साजन...गीत-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
कैसे होली खेलें साजन-
कोरोना वाइरस का भय फैला जन जन-
मुझे भी डर लगता है मै कैसे खेलू होली के रंग-
ये कैसे आन पड़ी आपदा-
बे मैसम बरसात यदा कदा-
कोरोना वाइरस नहीं जुदा...
