जोड़, घटाव, गुणा मै खोजू, अथवा खोजू शेष में...कविता-
ग्राम-सिंगपुर, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से हेमसिंह मरकाम एक कविता सुना रहे हैं :
जोड़, घटाव, गुणा मै खोजू, अथवा खोजू शेष में-
सत्य अहिंसा खोज रहा हूँ, गांधी जी के देश में-
मेरे प्यारे देश बता दे गांधी जी का देश कहां-
तुम्ही बताओ क्या करना है आज के इस परिवेश में-
जहां भूखे नंगे रहते हों, क्या गांधी जी का देश यही-
घोटालो का चोंच मरता क्या गांधी जी का देश यही...
Posted on: Jun 08, 2019. Tags: CG HEMSINGH MARKAM KABIRDHAM POEM SONG VICTIMS REGISTER
सावन भादों पानी के रीत, बैसाख ज्येष्ठ दशहरा गीत...गीत-
ग्राम-देवरी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलास सिंह पोया एक गीत सुना रहे हैं :
सावन भादों पानी के रीत-
बैसाख ज्येष्ठ दशहरा गीत-
अगहन कार्तिक बैला-सांड-
माघ पिये माड़-
दुनिया के देखा शान-
दशहरा सारे खाये पान...
Posted on: Jun 06, 2019. Tags: CG KAILASH SINGH POYA SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : पेट में होने वाली दर्द का घरेलू उपचार-
जिला-टीकमगढ़ (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेंद्र सिंह राय पेट में होने वाली दर्द का घरेलू उपचार बता रहे हैं| इंगोडा वृक्ष के फल की गिरी को गुड़ में मिलाकर खाने से पेट दर्द की समस्या में आराम मिल सकता है| इंगोडा का फल बड़े नीबू की तरह होता है| पेड़ में कांटे लगे होते हैं| वह पीले रंग का होता है| अधिक जाकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं : राघवेंद्र सिंह राय@9424759941.
Posted on: Jun 06, 2019. Tags: HEALTH MP RAGHVENDRA SINGH RAI SONG TIKAMGARH VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : उच्च रक्तचाप का घरेलू उपचार-
संजीवनी आयुर्वेदिक केंद्र भोपाल (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेंद्र सिंह राय उच्च रक्तचाप का घरेलू उपचार बता रहे हैं| अर्जुन वृक्ष की छाल को लेकर छोटे-छोटे टुकड़ो में काट लें, और मोटा दरदरा पीस कर चूर्ण बना लें| एक गिलास पानी में एक चम्मच चूर्ण को पकाना है| उसके बाद छानकर सेवन करें| लाभ हो सकता है| दवा का सेवन भोजन के बाद करें| जिन्हें शुगर की समस्या नहीं है, वे दवा में दूध और शक्कर मिलाकर भी सेवन कर सकते हैं| अधिक जानकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं : राघवेंद्र सिंह राय@9424759941.
Posted on: Jun 06, 2019. Tags: BHOPAL HEALTH MP RAGHVENDRA SINGH RAI SONG VICTIMS REGISTER
खोजले बर लोहगी चला चली आ...गंगा दशहरा गीत-
ग्राम-देवरी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलास सिंह पोया एक पारंपरिक गंगा दशहरा गीत सुना रहे हैं :
खोजले बर लोहगी चला चली आ-
सुगा नाला ले जाबे माला रे हो-
खोज संगी तुम्हार जोहंगी चला चली आ-
सुगा नाला में जाबे माला रे हो-
कोजिना ले लोहगे माय के चले आ-
सुगा नाला ले जाबे माला रे हो...
