सौ में से अस्सी है भूखे, बीस को मिलती रोटी...गीत-

ग्राम-सरई, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से संतोष कुमार अहिरवार एक गीत सुना रहे हैं :
सौ में से अस्सी है भूखे, बीस को मिलती रोटी-
इन्ही बीस ने पूरी कर दी देश की बोटी बोटी-
अपना लेंगे हक अधिकरिया-
बहोत कटी है, अब न कटेगी भूखे पेट उमरिया-
अब तो मन में ठान के आये, लेंगे हक अधिकारिया-
धरती छीनी अम्बर छीनी, छीन लिया है पानी-
तुमने मेरा बचपन छीना, छीनी लिया जवानी...

Posted on: May 30, 2019. Tags: DINORI MP SANTOSH AHIRWAR SONG VICTIMS REGISTER

मोर गोपी चंदा रे बैरागी बने बेटा बनवासी बने न...गीत-

ग्राम-सरईमाल, विकासखण्ड-डिंडोरी, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से संतोष कुमार अहिरवार एक गीत सुना रहे हैं:
मोर गोपी चंदा रे बैरागी बने बेटा बनवासी बने न-
जब तोर जनम होईस बेटा सुख के सोहर गायों रे-
काशी ले पंडित बुलवाके तोरेच नाम धरायों रे-
मोर कहना ला मान ले रे मोर गोपी चंदा-
झन जाते बेटा तै बंगाल मा-
बडे-बडे जंगल झाडी है बेटा कौन नगर बंगाला रे...

Posted on: May 29, 2019. Tags: DINDORI MP SANTOSH KUMAR AHIRWAR SONG VICTIMS REGISTER

करे कोशिश अगर इंसान को क्या-क्या नही मिलता...कविता

ग्राम-चरगांव, पंचायत-चरगांव, जिला-डिंडोरी, (मध्यप्रदेश) से अंजली सोनवानी एक कविता सुना रहे हैं:
करे कोशिश अगर इंसान को क्या-क्या नही मिलता-
वह उठकर चलके तो देखो जिसे रास्ता नही मिलता-
भले धुप हो काटें हो चलना ही पड़ता है-
किसी प्यासे को घर बैठे दरिया नही मिलता-
कहें क्या ऐसे लोगों से जो कहकर लडखडाते हैं-
की हम आकाश छू लेते मगर मौक़ा नही मिलता...

Posted on: May 27, 2019. Tags: ANJLI SONWANI DINDORI MP POEM SONG VICTIMS REGISTER

जीवन में सफल होने के लिए तीन फैक्ट्री जरुर लगाएं...सुविचार

ग्राम-चरगांव, पंचायत-चरगांव, जिला-डिंडोरी, (मध्यप्रदेश) से अंजली सोनवानी एक सुविचार सुना रही हैं:
जीवन में सफल होने के लिए तीन फैक्ट्री जरुर लगाएं-
ब्रेन में अस्वस्थी ( दीमक को ठन्डे रखकर किसी से बात करना चाहिए)-
जुबान में शुगर फ़ेक्ट्री ( मुहं से मीठी वाणी बोलना चाहिए)-
हाथ में लव फ़ेक्ट्री (हर किसी से प्यार से बात करना चाहिए)...

Posted on: May 27, 2019. Tags: ANJLI SONWANI DINDORI MP SONG THOUGHT VICTIMS REGISTER

तोड के मज़बूरी के बंधन पा लूँ मै भी आत्म सम्मान को...कविता

ग्राम-चरगांव, पंचायत-चरगांव, जिला-डिंडोरी, (मध्यप्रदेश) से अंजली सोनवानी एक कविता सुना रही है:
आजादी के पंख लगा के छू मै भी आसमान को-
तोड के मज़बूरी के बंधन पा लूँ मै भी आत्म सम्मान को-
तुफानो से खुद ही लड़ के खुद के दम पर आगे बढ़ के-
चाहूँ मै भी मंजिल पाना अपने गुण सबको दिखलाना-
कैद हो जो पंछी पिंजरे में वो क्या जाने गगन की माया-
तन मन स्वतंत्र हो जब मेरा तभी मानूँ जीवन पाया...

Posted on: May 27, 2019. Tags: ANJLI SONWANI DINDORI MP POEM SONG VICTIMS REGISTER

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