जीवन पथ पर चलना हमको शिक्षक हमें बताते हैं...कविता-

बड़वानी (मध्यप्रदेश) से सुरेश कुमार एक कविता सुना रहे हैं:
जीवन पथ पर चलना हमको शिक्षक हमें बताते हैं-
न्याय और अन्याय का मतलब शिक्षक हमें समझाते हैं-
बालक जैसी गीली मिट्टी शिक्षक कुमार बन जाते हैं-
सत्य के न्याय के चाप पे रखकर सुंदर कलश बन जाते हैं-
जग में शिक्षक न होते तो सोंचो फिर क्या होता-
पड़ी ही रहती बंजर भूमि बीज फिर कौन बोता..(AR)

Posted on: Jun 05, 2021. Tags: BARWANI MP POEM SURESH KUMAR

किताबे कुछ कहना चाहती है...कविता-

बड़वानी (मध्यप्रदेश) से सुरेश कुमार एक कविता सुना रहे हैं:
किताबे कुछ कहना चाहती है-
तुम्हारे पास रहना चाहती है-
किताबों में रॉकेट का राज है-
किताबों में कैन की आवाज है-
किताबों में जितना बड़ा संसार है-
किताबों में ज्ञान का भंडार है-
किताबे कुछ कहना चाहती है...(AR)

Posted on: Jun 03, 2021. Tags: BARWANI MP POEM SURESH KUMAR

जेठ के महिना मा कैसन तरस खाबे आम...छत्तीसगढ़ी कविता-

ग्राम-तमनार , जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पडियारी एक छत्तीसगढ़ी कविता सुना रहे हैं:
पंखा धुंका थे बाबा कही ये का होगे राम-
जेठ के महिना मा कैसन तरस खाबे आम-
तरे माजनिया ला देखो नीचत बेमयाय हे-
अंगत के पांव जैसन घलो उबजाये हे-
का बताओं ओकरे बजत हबे डंका-
अइसन लगा थे अइसन लेसाबा थे लंका...(AR)

Posted on: Jun 01, 2021. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH

कविता : बेटियां

बड़वानी, मध्यप्रदेश से सुरेश कुमार एक कहानी सुना रहे हैं, जिसका शीर्षक है ” बेटियां” | अपने संदेस रिकॉर्ड करने के लिये 08050068000 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं| (AR)

Posted on: May 31, 2021. Tags: BARWANI MP POEM SURESH KUMAR

टूट जाती है चट्टान हाँथोड़े की मार से...कविता-

ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं :
टूट जाती है चट्टान हाँथोड़े की मार से-
कट जाती है वृक्ष कुल्हाड़ी की वार से-
जम जाती हैं नदियाँ पानी की धार से-
झुक जाती हैं डालियाँ कोड़ो की भार से-
मिट जाती है तन महामारी बीमार से...(AR)

Posted on: May 30, 2021. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH

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