अरपा पैरी के धार महानदी हे अपार...गीत-
मालीघाट, मुजफ्फरपुर, बिहार से सुनील कुमार अपने साथियों के साथ एक गीत सुना रहे हैं:
अरपा पैरी के धार महानदी हे अपार-
इंदिरावती हर पखारय तोरे पईयां-
महूं विनती करव तोर भुँइया-
जय हो जय हो छत्तीसगढ़ मईया-
सोहय बिंदिया सही, घाट डोंगरी पहार-
चंदा सुरूज बने तोरे नैना...
Posted on: Apr 28, 2020. Tags: BIHAR MUZAFFARPUR SONG SUNIL KUMAR
दुनिया की है हकीकत पुरानी...कोरोना गीत-
मालीघाट, मुजफ्फरपुर (बिहार) से सुनील कुमार कोरोना पर एक गीत सुना रहे हैं:
दुनिया की है हकीकत पुरानी-
चल के रुकना है इसकी रवानी-
फर्ज पूरा करो जिंदगी का-
भाग जायेगा दूर कोरोना-
घर से बाहर तुम न निकलना-
घर से बाहर जब तुम निकलना-
साथ पे है मुह को ढकना...
Posted on: Apr 28, 2020. Tags: BIHAR CORONA SONG MUZAFFARPUR SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
मास्क लगा ला जल्दी से...कोरोना गीत-
मालीघाट, मुजफ्फरपुर (बिहार) से सुनील कुमार कोरोना पर एक गीत सुना रहे हैं:
सुना ये भईया दिदिया बहिनिया-
मास्क लगा ला जल्दी से-
घरवा में रहा काम काज करा-
घर से निकला गलती से-
सुना ये भईया दिदिया बहिनिया-
मास्क लगा ला जल्दी से-
घरवा में रहा काम काज करा...
Posted on: Apr 26, 2020. Tags: BIHAR CORONA SONG MUZAFFARPUR SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
सेनेटाजर का उपयोग करें मगर संभलकर...
आज के समय में कोरोना महामारी के चलते लोग साबुन, हैण्डवास के जगह पर सेनेटाइजर का उपयोग ज्यादा कर रहे हैं, आज बाजार में कई तरह के सेनेटाइजर आ चुके हैं, जिसका उपयोग लोग कर रहे हैं जिसके कारण खुसकी, खुजली जैसी समस्या आ रही है, इस संबंध में चर्म रोग विभाग के चिकित्सक डॉ राजेश का कहना है, इसका उपयोग संभलकर करें, अन्यथा ये नुकसान देह हो सकता है इसलिये अच्छी क्वालिटी के सेनेटाइजर का उपयोग करना चाहिये| जो लोग अधिकांस समय घर में रह रहे हैं उन्हें ज्यादा उपयोग करने की आवश्यकता नहीं है, जो ज्यादा बाहर रहते हैं वे इसका उपयोग करें|
Posted on: Apr 18, 2020. Tags: BIHAR CORONA AWARENESS MUZAFFARPUR SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
मत निकल, मत निकल, मत निकल...कविता-
मालीघाट, मुजफ्फरपुर (बिहार) से सुनील कुमार महान कवि डॉ. हरिवंशराय बच्चन की कविता “मत निकल, मत निकल, मत निकल” सुना रहे हैं:
शत्रु ये अदृश्य है, विनाश इसका लक्ष्य है-
कर न भूल, तू जरा भी ना फिसल-
मत निकल, मत निकल, मत निकल-
हिला रखा है विश्व को, रुला रखा है विश्व को-
फूंक कर बढ़ा कदम, जरा संभल-
मत निकल, मत निकल, मत निकल-
उठा जो एक गलत कदम, कितनों का घुटेगा दम-
तेरी जरा सी भूल से, देश जाएगा दहल-
मत निकल, मत निकल, मत निकल-
संतुलित व्यवहार कर, बन्द तू किवाड़ कर-
घर में बैठ, इतना भी तू ना मचल-
मत निकल, मत निकल, मत निकल...
