नदिया ना पीए कभी अपना जल, वृक्ष ना खाए कभी अपना फल...गीत
ग्राम-करोंदामोढ़ा, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से संदीप कुशवाह एक गीत तामेश्वर कुशवाह से सुन रहे है:
नदिया ना पीए कभी अपना जल, वृक्ष ना खाए कभी अपना फल-
अपने तन को मन को धन को, देश को दे दे दान रे-
वो सच्चा इंसान रे, वो सच्चा इंसान रे-
नदिया ना पीए कभी अपना जल, वृक्ष ना खाए कभी अपना फल-
चाहे मिले रोटी बासी चाहे मिले, कुटिया ख़ाली-
वो सच्चा इंसान रे, वो सच्चा इंसान रे...
