मेरा देश सलोना देश, सचमुच चांदी-सोना देश...कविता-
ग्राम-आठगांव, ब्लॉक-फरसगाँव, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से कुशल कुमार और चेतन कुमार एक कविता सुना रहे हैं:
मेरा देश सलोना देश, सचमुच चांदी-सोना देश-
पर्वत-घाटी वाला देश, सौंधी माटी वाला देश-
मीठे झरनों वाला देश, जग में बहुत निराला देश-
आगे-आगे बढ़ता देश, नहीं किसी से डरता देश-
मेरा देश सलोना देश...
Posted on: Feb 09, 2020. Tags: CG KONDAGAON POEM SONG SUKHDAI KACHLAM VICTIMS REGISTER
अभी खबर दिल्ली से आई मक्खी रानी उस को लायी...कविता-
ग्राम पंचायत-आठगांव, ब्लाक-फरसगांव, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से गुलसन नेताम और बिरेन्द्र नेताम एक कविता सुना रहे हैं :
अभी खबर दिल्ली से आई मक्खी रानी उस को लायी-
टिड्डे ने हांथी को मारा, हांथी क्या करता बेचारा-
घुस बैटा मटके के अंदर, मटके में थे ढाई बंदर-
उन्हें देखकर हाथी रोया रोते रोते फिर वह सोया-
रुकी न आंसू की धारा मटका बना समुंदर सारा-
लगे डूबने हाथी बंदर फंसे हुये थे उसके अंदर...
Posted on: Feb 08, 2020. Tags: CG KONDAGAON POEM SONG SUKHDAI KACHLAM VICTIMS REGISTER
किताबें करती है बातें...कविता-
ग्राम पंचायत-चांदागाँव, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से राखी एक कविता सुना रहे हैं:
किताबें करती है बातें-
बीती ज़माने की, दुनिया की-
आज की कल की-
एक एक पल की-
खुशियों की ग़मों की-
जीत की हार की-
क्या तुम नहीं सुनोगे-
इन किताबों की बातें-
किताबें कुछ कहना चाहती है-
तुम्हारे साथ रहना चाहती है...
Posted on: Feb 08, 2020. Tags: CG NAGMANI ADIVASI NARAYANPUR POEM SONG VICTIMS REGISTER
मै अमर शहीदों का चारण उनके यस गया करता हूँ...कविता-
ग्राम पंचायत-आठगांव, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से राधिका और रेवती एक कविता सुना रही हैं:
मै अमर शहीदों का चारण उनके यस गया करता हूँ-
जो कर्ज राष्ट्र ने खाया है मै उसे चुकाया करता हूँ-
यह सच है याद शहीदों की हम लोगो ने दफनाई है-
यह सच है उनकी लासो पर चलकर आजादी आई है-
उन कथाओं से सर्द खून को मै गरमाया करता हूँ-
मै अमर शहीदों का चारण उनके यस गया करता हूँ...
Posted on: Feb 07, 2020. Tags: CG KONDAGAON POEM SONG SUKHDAI KACHLAM VICTIMS REGISTER
कर सके तो दर्द दिल की दवा कर...कविता-
राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) से वीरेंद्र गंधर्व कविता सुना रहे हैं:
कर सके तो दर्द दिल की दवा कर-
न कर सके तो दुआ कर-
दुआ करने में ही तेरा कल्याण है-
अन्यथा तू जीते जी निष्प्राण है-
तू कौन होता है किसी के अहित करने वाला-
जो कुछ करने वाला है ओ तो भगवान है-
कर सके तो दर्द दिल की दवा कर ...
