अपनी बोली अपनी ठिठोली...गीत-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
अपनी बोली अपनी ठिठोली-
सबको लागे भली-
दूसर की बोली दूसर की ठिठोली-
लागे बंदूक रायफल की गोली-
अपनी बोली बोलिये सबको लागे भली-
स्वदेशी को अपनाइये उसी में सबकी भलाई...
Posted on: Mar 05, 2020. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
नागरिकता की आंच में सुलगता भारत...कविता-
कानपुर (उत्तर प्रदेश) से के एम भाई आज नागरिकता कानून को लेकर जो विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं, हर तरफ लोग नाराज और गुस्से में हैं, इसी विषय पर एक कविता प्रस्तुत कर रहे हैं:
नागरिकता की आंच में सुलगता भारत-
सुवांग और मुबांघ के भक्षक-
आज गुमध पर जीवित हैं-
सहिष्णुता और अखंडता की दुहाई दे रहे हैं...
Posted on: Mar 03, 2020. Tags: KANPUR KM BHAI POEM SONG UP VICTIMS REGISTER
जी रहा हूँ तुम्हारे बिना टूटकर...कविता
नवादा, जिला-चतरा (झारखण्ड) से राजू राना एक कविता सुना रहे हैं:
जी रहा हूँ तुम्हारे बिना टूटकर-
क्या मिला है तुम्हे इस तरह रूठकर-
जब हमी से शिखर उतरना न था-
दिलो की कामना क्यूँ जगाती रही-
था मिटाना तुम्हे एक दिन फिर कहो-
प्यार की अल्पना क्यूँ सजाती रही-
नेह के पनघटो पर प्रफुलित लिखी...
Posted on: Mar 01, 2020. Tags: CHATRA JHARKHAND POEM RAJU RANA SONG VICTIMS REGISTER
तिल तिल होती वकील डॉक्टर देते जेल...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
तिल तिल होती वकील डॉक्टर देते जेल-
मेडिकल बनाये बिल तो मै गया हिल-
अस्पताल की हाल देखो-
नेता मंत्री का शासन की चाल देखो-
शासकीय स्कूल कालेज का बेहाल देखो-
किसान जनताओं का होते हलाल देखो...
Posted on: Feb 29, 2020. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
चीटी चढ़ी पहाड़ पे तीरन गये चमार...चौपाई-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी चौपाई सुना रहे हैं:
चीटी चढ़ी पहाड़ पे तीरन गये चमार-
दो सौ जोड़ी सेंडिल बने-
जूते बने हजार-
एक अचंभा मैंने देखा-
गदहे के सर पे दो सींग-
चीटी कमर पे रस्सी बांधे...
