बारह बजे मेला लागे कारी तो पसीना छूटे...सरगुजीहा गीत
ग्राम पंचायत कोट्या, ब्लाक प्रतापपुर जिला सरगुजा (छत्तिसगढ़) से मेवालाल देवांगन एक सरगुजिहा गीत सुना रहे हैं:
बारह बजे मेला लागे कारी तो पसीना छूटे,
चलत रहे ढेलुवा ला नजरी चलाले,
चलत रहे ढेलुवा ला नजरी चलाले सोना नजरी चलाले,
तोला मोला दोनों झन ला कुशमी बलाले होल,
हाथ में हाथ कड़ी लागे फिरेल मुश्किल...GT
Posted on: Dec 02, 2022. Tags: CG PRTAPPUR SARGUJA SARGUJIHA SONG
कहा भुलागे वीरा गोंडवाना के नव जवान कहा भुलागे...गोंडवाना गीत
ग्राम-देवरी, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से एक गोंडवाना गीत सुना रहे हैं:
कहा भुलागे वीरा गोंडवाना के नव जवान कहा भुलागे-
भूल गये अपन जाती पाती भूल अपन रिवाज-
अब ले तय नई समझल कैसे होएल समाज-
कहा भुलागे वीरा गोंडवाना के नव जवान कहा भुलागे-
भल अपन गढ़ गोत्र भूल गये अपन महल-
कहा भुलागे वीरा गोंडवाना के नव जवान कहा भुलागे...
Posted on: Dec 02, 2022. Tags: CG GONDWANA PRTAPPUR SONG SURAJPUR
कुआँ पार मेरे संगी सँझा के बेरा कुआँ पार में...गीत-
ग्राम-कोटेया,ब्लाक-प्रतापपुर,जिला-सूरजपुर(छतीसगढ़) से नेवालाल देवांगन जी गीत सुना रहे हैं:
कुआँ पार मेरे संगी सँझा के बेरा कुआँ पार में-आमा ला टोरे काहू छिकई के2, तहीं दगा मा बलाए आहू चिकई के-
कुआँ पार मेरे संगी सँझा के बेरा कुआँ पार में-
एक पेड़ आ आमा छत्तीस पेड़े जाम 2 मधुबन के चिरैया बोले राम-राम-
कुआँ पार मेरे संगी सँझा के बेरा कुआँ पार में-
धान ला लुए उड़े खनासी 2 भगवान के मंदिर मैं सुनेला बंसी- कुआँ पार मेरे संगी सँझा के बेरा कुआँ पार में...
Posted on: Dec 02, 2022. Tags: CG CHHATTISGADHI KOYEYA SONG SURAJPUR
बाइबल के सेवा में तन मन से लगिला रे...महसी गीत
प्रदीप, जिला-मनेन्द्रगढ़ (मध्यप्रदेश) से एक मसीह गीत सुना रहे हैं:
...येशु ने दुनिया ने प्रेम रखा हैं-
महसी ने दुनिया में प्रेम रखा हैं-
बाइबल के सेवा में तन मन से लगिला रे-
येशु कर सेवा में तन मन लागि रा रे-
बाइबल के सेवा में तन मन से लगिला रे...
Posted on: Dec 02, 2022. Tags: MAHSI MANEDRAGARH MP SONG
जिन्होंने अपने देश कर खातिर जान गंवा देई रे ... भोजपुरी गीत
ग्राम-राजापुर, पोस्ट-लड़वाली, तहसील-निवाड़ी, जिला-निवाड़ी (मध्यप्रदेश ) से चिरोंजिलाल देशभक्ति गीत सुना रहे हैं-
जिन्होंने अपने देश कर खातिर जान गंवा देई रे-
उन वीरों को प्रणाम जिन्होंने जान जान गंवा देई रे-
ओ झांसी की रानी की अमर कहानी सुनो भैया-
सीमा पे डटी थी ओ कट के लड़ी थी सुनो भैया-
बीच समुन्द्र में गाड़े झण्डा दे दो सलामी रे-
उन वीरों को प्रणाम जिन्होंने जान जान गंवा देई रे-
