स्वास्थ्य स्वर : करेला सब्जी के औषधीय गुण और प्रयोग-
जिला-टीकमगढ़ (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेन्द्र सिंह राय करेला के औषधीय गुण और उपयोग के बारे में बता रहे हैं, करेला को सब्जी के रूप के सभी के घरो में उपयोग में लाया जाता है, करेला सुगर और डायबटीज के बीमारी के लिए उपयोगी है, कच्चा हरे करेला को सुखाकर पीसकर चूर्ण बनाकर सेवन कराने से सुगर नियंत्रित किया जा सकता है, लीवर से संबंधित समस्या में भी करेला काम आता है, अधिक जानकारी के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : राघवेन्द्र सिंह राय@6306748178.
Posted on: Sep 25, 2018. Tags: HEALTH MP RAGHWENDRA SINGH RAI SONG SWARA SWASTHYA TIKAMGARH VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर: शराब छुड़ाने का घरेलू नुस्खा -
ग्राम-रहेंगी, तहसील-लोरमी, जिला-मुंगेली (छत्तीसगढ़) से वैद्य चंद्रकांत शर्मा आज हमें शराब छोड़ने का एक घरेलू नुस्खा बता रहे हैं, वे कह रहे हैं कि शराब पीना आज के समय में एक फैशन हो गया है, लेकिन ये शरीर के लिए हानिकारक है, इस आदत को छुड़ाने के लिए अजवाइन 250 ग्राम, 5 ग्राम ईलायची, 2 लीटर पानी में उबालें जब पानी 250 ग्राम बच जाए, तो उसे सुरक्षित रख ले और एक-एक कप सुबह प्रतिदिन सेवन कराना है, इससे धीरे-धीरे शराब पीने की आदत छूट सकती है, अधिक जानकारी के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : चंद्रकांत शर्मा@9893327457.
Posted on: Sep 25, 2018. Tags: CG CHANDRAKANT SHARMA MUNGELI SONG SWARA SWASTHYA VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर: बदलते मौसम में बच्चों को होने वाले सर्दी जुखाम के पारम्परिक नुस्खे...
डॉ दीपक आचार्य इस बदलते मौसम में बच्चों को होने वाली सर्दी जुखाम के पारम्परिक नुस्खे बता रहे है: मध्यप्रदेश के पातालकोट के चावलपानी गाँव है जहाँ के आदिवासी धनिया, जीरा और बज जिसे बजनाक भी कहा जाता है इन तीनों को मिला कर काढा बना लेते हैं और रात में खाना खाने के बाद देते हैं जिससे सर्दी खासी में आराम मिलता है.पातालपुर के चेम्पिपुर गाँव में बज के कंदे को बच्चों के मुंह में रख दिया जाता है जिससे छाती के बने कफ धीरे धीरे बाहर निकल जाता है.प्याज का रस और शहद भी सर्दी और खासी भी बहुत लाभदायक होता है, एक बड़ा चम्मच प्याज का रस लें और डेढ़ चम्मच शहद मिला कर चार घंटे रख दे फिर सर्दी जुखाम से पीड़ित बच्चों को पिलाएं काफी आराम मिलता है.पातालकोट के करेयाम गाँव के आदिवासी बाजरे की रोटी बनाते हैं और इसके साथ लहसुन, बैंगन और मेथी के सब्जी के साथ खाते हैं. इनका मानना है कि ऐसे भोजन करने से पेट कि गर्मी निकलती है जिससे सर्दी पर असर पड़ता है.डांग गुजरात के आदिवासी एलोवेरा के पत्तियों को भुन कर उसका रस निकालते हैं.इस रस में शहद और लौंग का चूर्ण मिला देते हैं. दिन में दो बार बच्चों को देने से काफी आराम होता है.
Posted on: Sep 24, 2018. Tags: AHMEDABAD COUGH DEEPAK ACHARYA GUJRAT HEALTH SONG SWASTHYA SWARA VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : गिलोय के औषधीय गुण और उपयोग-
सेतगंगा, जिला-मुंगेली (छत्तीसगढ़) से वैद्य रमाकांत सोनी गिलोय जिसको अमृता के नाम से भी जाना जाता है के औषधीय गुणों को बता रहे हैं, वे कह रहे हैं कि मधुमेह या शुगर रोग और मूत्र विकारो में यह उपयोगी है, गिलोय की लता को थोडा पानी डालकर पीस लें, उसके बाद 5-10 काली मिर्च तथा एक-दो इलायची बीज पीसकर मिलाना है, इसका 50 ग्राम रस निकालकर सुबह खाली पेट प्रतिदिन 40 दिन सेवन करने से लाभ मिल सकता है, शारीरिक कमजोरी में भी आराम मिल सकता है, संबंधित जानकारी के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : रमाकांत सोनी@9424167683.
Posted on: Sep 24, 2018. Tags: CG HEALTH MUNGELI RAMAKANT SONI SONG SWARA SWASTHYA VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : दांत मज़बूत करने और दांत दर्द का घरेलू उपाय-
प्रयाग विहार, मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच डी गांधी दांत संबंधी समस्या का घरेलू उपचार बता रहे हैं, यह दांत की मज़बूती और दांत में दर्द पर काम आती है बाईबिडिंग जिसे बाईब्रिंग भी कहते हैं, ये काली मिर्च के समान होती है, उसे 10 ग्राम और फिटकरी 10 ग्राम दोनों को पीसकर दरदरा चूर्ण बना लें और तीन लीटर पानी में उबालें, जब 1 लीटर पानी शेष बचे तब छान कर ठण्डा कर बाटल में भरकर रख लें, उसके बाद गुनगुना कर सुबह शाम भोजन के बाद कुल्ला करें, लगातार 3 माह तक प्रयोग करने से लाभ हो सकता है, ठण्डी चीजों से बचे, गरिष्ठ भोजन, मिर्च, मसाला, तेल खटाई का प्रयोग कम करें, नशा ना करें : एच डी गांधी@7879751110.
