सूंड हिला हिला के कहां चले...कविता-

ग्राम- मेंदरी, ब्लॉक-लोहण्डीगुड़ा, जिला- बस्तर राज्य छत्तीसगढ़ से सुनील जी एक कविता सुना रहे हैं:
सूंड हिला हिला के कहां चले-
कान हिलाते कहां चले-
मेरे घर में आओ ना-
हलवा पूरी खाओ ना...
प्यारी जग से न्यारी-
खुशियां देती सारी मां-
चलना सिखाती मां-
सबसे मीठा बोल है मां-
दुनिया में अनमोल है मां-
खाना हमें खिलाती है मां-
लोरी गाकर सुनाती है मां-
प्यारी जग से न्यारी-
खुशियां देती सारी मां...(181872) GT

Posted on: Nov 28, 2020. Tags: POEM SONG VICTIMS REGISTER