मिश्री से भी मीठी वह मेरी हिंदी भाषा है...कविता-

ग्राम-करकट्टा, पोस्ट-जोगा, थाना-उटारीरोड, जिला-पलामू (झारखंड) से अंजनी कुमारी एक कविता सुना रहीं हैं-
मिश्री से भी मीठी वह मेरी हिंदी भाषा है-
दिल से दिल को जोड़े जो जिसे जुडी हर आशा हैं-
अंग्रेजी भी पढ़ती हूँ मैं पर लगे ना मेरा उसमे ध्यान-
हिंदी ही मेरा पहचान हिंदी ही मेरा मुस्कान-
जो भूल रहें हैं उस भाषा को होती बड़ी निराशा है-
मिश्री से भी मीठी वह मेरी हिंदी भाषा है...RK

Posted on: Sep 15, 2020. Tags: POEM SONG VICTIMS REGISTER