औषधीय पौधा चितावर के नाम पर पड़ा हमारे गांव का नाम चितरपुर...एक गाँव की कहानी-
ग्राम-चितरपुर, पंचायत-कातिम, प्रखण्ड-चैनपुर, जिला-गुमला (झारखण्ड) से ग्रामवासी बर्थलोमी लकरा बता रहे हैं, उनके गांव में एक पौधा होता था, जिसे चितावर के नाम से जानते हैं, जो पूरे गांव में मिलता था, उसी के नाम पर गांव का नाम चितरपुर पड़ा, ये पौधा केवल गांव में ही पाया जाता है, उसे दवा के लिए भी उपयोग करते हैं, लेकिन अब उस पौधे की संख्या कम हो गई है, लोग पौधों को काटकर खेत बना चुके हैं, ये जानकारी उन्हें अपने पूर्वजो द्वारा लिखी किताब से मिली, वर्तमान में गांव में 107 घर है, इस प्रकार से चितरपुर गांव का नाम एक औषधीय पौधा चितावर के नाम पर पड़ा और आज भी इसी नाम से जाना जाता है |

