जीवन में कुछ पाना है तो मन को मारे मत बैठो...संघर्ष गीत
जीवन में कुछ पाना है तो मन को मारे मत बैठो
आगे-आगे बढ़ना है तो हिम्मत हारे मत बैठो
चलने वाला मंजिल पाता बैठा चुप क्यों रहता है
ठहरा पानी सड़ने लगता बहता निर्मल होता है
जीवन में कुछ पाना है तो मन को मारे मत बैठो
आगे आगे बढ़ना है तो हिम्मत हारे मत बैठो
पाँव मिले चलने की खातिर पाँव पसारे मत बैठो
आगे-आगे बढ़ना है तो हिम्मत हारे मत बैठो
तेज दौड़ने वाला खरहा दो पग चलकर हार गया
धीरे-धीरे चलकर कछुआ देखो बाजी मार गया
धरती चलती, तारे चलते , चाँद रातभर चलता है
किरणों का उपहार बांटने सूरज रोज निकलता है
जीवन में कुछ पाना है तो मन को मारे मत बैठो
आगे आगे बढ़ना है तो हिम्मत हारे मत बैठो
Posted on: Mar 11, 2014. Tags: Sumita Kerketta
उतरत महेन लागत फगुन पिया औगत कौने महीना में...बघेली होली गीत
उतरत महेन लागत फगुन पिया औगत कौने महीना में
चार महीना गर्मी ऋतु न आयें टप टप चुअत पसिनमा
उतरत महेन लागत फागुन पिया औगत कोनें महीना में
फिर बर्षा ऋतु न आये टप टप चुअत महलिया मैं
पिया तू औगत कोनें महीना चार महीना ठंडी ऋतु न आये
फर फर कांपे बदनवाँ पिया तू औगत कौने महीना
चार महीना चिठियों लिख भेजो देदो जवाब
पिया तू औगत कौने महीना
Posted on: Mar 03, 2014. Tags: Sunita Rewa
गोंडवाना,गोंडवाना मावा वायल गराज गोंडवाना...गोंडी गीत
ग्राम पाठई पोस्ट कौड़िया तहसील पांढुर्ना जिला छिन्दवाड़ा (म. प्र.) से सुलोचना वट्टी जी एक गोंडी गीत गा रही है यह गीत गोंडी सम्मेलनो में गाया जाता है ।
गोंडवाना,गोंडवाना मावा वायल गराज गोंडवाना
नार-नार अंनजी कुन सम्मलेन कियाना
अल समझे मायोड ते बार बार समझी कियाना
गोंडवाना मावा वायल गराज गोंडवाना
डांगुड पहाड़ ते अंनजी समझी कियाना
चूडर मुडूर आदमीड कुन समझी कियाना
गोंडवाना मावा वायल गराज गोंडवाना
Posted on: Feb 26, 2014. Tags: Sulochna Vatti
डमे डमे डामरू नी खिला था रो बोला...गोंडी विवाह गीत
ग्राम पाठे पोस्ट कोडिया तहसील पाण्डुरना जिला छिंदवाड़ा मध्य प्रदेश से सुलोचना वट्टी जी ने एक गोंडी विवाह गीत गाया है
डमे डमे डामरू नी खिला था रो बोला
इना थे भिन बना कितरो इना थे भिन
सकते नी खिला थे रो बोला संकते नी
खिला थे रो बोला डमे डमे
डामरू नी खिला था डमे डमे
Posted on: Feb 23, 2014. Tags: Sulochna Vatti
स मुर्री घोटाआ थे रोया रे समुर्री वाता घोटाथे...गोंडी विवाह गीत
ग्राम पाठे पोस्ट कोड़िया तहसील पाण्डुरना जिला छिंदवाड़ा मध्यप्रदेश से सुलोचना वट्टी एक गोंडी विवाह गीत गा रही हैं
स मुर्री घोटाआ थे रोया रे समुर्री वाता घोटाथे
वाठातना होड़दाना बुता समुर्रा वाठाथन होड़दाना बुता
नकली गुजा संतरा ठंसी वता पोतला हदे हदे वटातन
वनजी न बुता वटातन समुर्री वाता घोठनता समुर्री वाता
समुर्री वाता घोटान्ते समुर्री वाता
शिव शिव समुर्री वाता घोटन्ते समुर्री वाता वनजी न
