जादा मीठा खाना नहीं...गीत-
राजनांदगाँव, छत्तीसगढ़ से वीरेंद्र गंधर्व एक गीत सुना रहे हैं:
जादा मीठा खाना नहीं-
फिर पीछे पछताना नहीं-
चीनी रोगी हो जाओगे-
हाय हाय मे ही खो जाओगे-
गोलियो को खाओ चावल मत खा-
परहेज मे फिर जीवन बिता...
Posted on: Mar 12, 2021. Tags: CG RAJNANDGAON SONG VIRENDRA GANDHARV
लाभ के लिये लोग वनो और पहाड़ो को नुकसान पहुचाने लगे हैं
ग्राम-दमकासा, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से निवासी शेर सिंह अचला हिन्दू बिनापाल के जगह के बारे मे बता रहे हैं, इससे पूर्व उसे गढ़ बिनपाल के नाम से जाना जाता था, उस जगह पर 3 पहाड़ियो का समूह है| अब लोग लाभ के लिये वनो की कटाई करने लगे हैं, खनिज संपदा जिसका लाभ बाहरी लोग लेना चाहते हैं| जिससे प्रकृति की सुरक्षा खतरे मे आती है| इससे जलवायु और मौसम मे असर पड़ रहा है| बिना मौसम बरिस, तेज गर्मी, अकाल होती है|
Posted on: Mar 12, 2021. Tags: BAHN SAHU CG KANKER STORY
समय के साथ जीवन शैली और पूजा पाठ बदलाव...
ग्राम-दमकासा, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से निवासी शेर सिंह अचला अपने समय होने वाले पूजा पाठ की प्रकृया, जीवन जीने के तरीके के बारे मे बता रहे हैं, उनका कहना है, पहले महुआ से जो शराब बनता था उसे औषधि के रूप मे उपयोग किया जाता था लेकिन समय के साथ उसका दुरुपयोग होने लगा और नसे के लिये उपयोग किया जाने लगा| वहाँ रहने वाले लोग पेड़, पहाड़ो मे आस्था रखते हैं| उनका कहना हैं पहले लोग पेड़ो प्रकृति की पूजा करते थे लेकिन बाद मे समय के साथ मंदिरो मे पूजा पाठ होने लगा|
Posted on: Mar 12, 2021. Tags: CG KANKER STORY
पर्यावरण सुरक्षा और वन औषधी संरक्षण के लिये प्रयास
ग्राम-दमकासा, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से निवासी शेर सिंह अचला पर्यावरण पर लिखते रहते हैं, लोगो को पर्यावरण की सुरक्षा, वन औषधी के संरक्षण पर के लिये जागरूक करते हैं, प्रतिवर्ष पर्यावरण दिवस के दिन प्रशिक्षण कार्यक्रम करते हैं| आईए कार्य को निरंतर करते आ रहे हैं| समय समय पर शहरो से प्रशिक्षण सस्थानों से लोग वहाँ पर आते हैं|
Posted on: Mar 12, 2021. Tags: BHAN SAHU CG KANKER STORY
चिरईया ले के गोटी मारो...ददरिया गीत
जिला-राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) से जया मुंडे एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रही हैं:
एक गोटी मारो सना नना जाये-
दुसरईयां गोटी मारो रे-
धरी ला पड़ जाये-
चिरईया ले के गोटी मारो-
चिरईया ले के गोटी मारो भाजी फूल-
मोर चढती जवानी के दिन चिरईया ले के गोटी मारो...(AR)
