हमारे पास में ही फैला चारों ओर अन्धकार है....मशाल गीत
मालीघाट, मुजफ्फरपुर, बिहार से सुनील कुमार एक गीत प्रस्तुत कर रहे हैं:
हमारे पास में ही फैला चारों ओर अन्धकार है-
मशाल लेके चलो साथियों करना अंधियारा दूर है-
सच ही कहा है सबने हमको मंजिल तुम्हारी दूर है-
मशाल लेके चलो साथियों करना अंधियारा दूर है-
कहीं अन्न का भूखा कोई दाने को मोहताज है-
ध्वस्त करें हम मिल्जुल्के ऐसे राजकाज है-
मीडिया राजनीति की सत्ता सबका खतरनाक गठजोड़ है-
चलो बताएं मिलजुलके हममें कितना जोर है...
Posted on: Mar 15, 2016. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
री यलो ले सुया दाकट या यलो ले...गोंडी विवाह गीत
ग्राम-तुमरगुडा, तहसील-भामरागढ़,जिला-गढ़चिरोली (महाराष्ट्र) से लालसू नगोटी के साथ गाँव की कुछ युवक-युवतियां हैं जो माडिया गोंडी भाषा में एक शादी गीत गा रहे हैं:
री यलो ले सुया दाकट या यलो ले-
बेगा दाकट सुया यलो ले -
Posted on: Mar 15, 2016. Tags: LALSU NOGOTI SONG VICTIMS REGISTER
Distribution of pension under social security schemes is irregular in our area...
Sudarshan Prasad is calling from Virendranagar village and panchayat in Wadrafnagar tehsil of Balrampur district in Chhattisgarh. He says around 105 people in his village are eligible to get pension under various schemes but distribution of pension is irregular and they get it at interval of few months. Things are worse in other nearby villages where people have died waiting for their pensions. He is requesting to call Collector@8462900200 to help them. For more you can reach Sudarshan Prasad@9926944675.
Posted on: Mar 15, 2016. Tags: SONG SUDARSHAN PRASAD VICTIMS REGISTER
रे रे रेला रे रेला रे रे रेला रे रे रेला.....गोंडी में विवाह गीत
ग्राम-कहडबरी, ब्लॉक-मानपुर, जिला-राजनांदगांव, छत्तीसगढ़ से ग्रामीण महिला एक गोंडी गीत गा रही हैं, यह गीत शादी में लड़की के विदाई के समय गाया जाता है:
रे रे रेला रे रेला रे रे रेला रे रे रेला-
रे रेला बेके ने आंजी ओके नोले लो-
नान्जि योलो ले री रान्जे लो-
पुटो यन्वाले याटो ले रान्जे...
Posted on: Mar 12, 2016. Tags: SUGREEV KUMAR
दादा ले लो दोंग्ल कोया ले दादा लयो सा दोंग्ल कोया ले...गोंडी विवाह गीत
ग्राम- जूवी तहसील-भामरागढ़,जिला-गढ़चिरोली (महाराष्ट्र) से लालसू नागोटी के साथ ग्रामीण महिलाएं हैं जो माड़िया गोंडी में गीत प्रस्तुत कर रहे है इस गीत को शादी के दो माह पूर्व मुदाक्ल कार्यक्रम के दौरान गाया जाता है :
दादा ले लो दोंग्ल कोया ले-
दादा लयो सा दोंग्ल कोया ले...


