राती के तो देखो न तोर सुरतिया, अरे दिने काहे डूब गईले चांदो...गीत-
ग्राम-सुरसा, पोस्ट-काला बरती, थाना-चलगली, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से चंदरसाय एक गीत सुना रहे हैं :
राती के तो देखो न तोर सुरतिया-
अरे दिने काहे डूब गईले चांदो-
कभी राती के तो देखो न तोर सुरतिया-
अरे सूपगे तो पूछो न, गोटे डहर खोजो न-
आज पूणिमा देखल देखे तोरे रूप-
पुरुब से उगेले पक्षिम गेले डूब...
Posted on: Apr 01, 2019. Tags: BALRAMPUR CG CHANDAR SAI SONG VICTIMS REGISTER
मैंने 4 साल पहले शौचालय निर्माण का काम किया था, आज तक मजदूरी भुगतान नही हुआ.
ग्राम-रामपुर, प्रखण्ड-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से रामचंदर सिंह बता रहे हैं, उन्होंने 4 साल पहले शौचालय निर्माण का काम 6 लोगो के सांथ मिलकर किया था, जिसका मजदूरी भुगतान नही हुआ, आवेदन करने पर अधिकारी गुमराह कर रहे हैं, इसलिए वे सीजीनेट के सांथियो से अपील कर रहे हैं कि दिए गए नंबरों पर अधिकारियो से बात कर मजदूरी का पैसा दिलाने में मदद करें : CEO@9977407988. संपर्क नंबर@6267367827.
Posted on: Oct 13, 2018. Tags: ) CG RAMCHANDAR SINGH SONG SURAJPUR TOILET VICTIMS REGISTER
काबे मजुरावे वाता रे, कोन मजुलिहा ले बसेंड मजुरावे वाता ओ...सरगुजिया गीत-
परसापारा, ग्राम-ओदारी, पोस्ट-काला बरती, तहसील-वाड्रफनगर, थाना-चलगली, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से चंदरसाय सरगुजिया भाषा में एक गीत सुना रहे हैं :
काबे मजुरावे वाता रे, कोन मजुलिहा ले बसेंड-
मजुरावे वाता ओ-
यें माजुरावें वांता रे, कोन मजुलिहा ले बसेंड-
जब तोरे हे कोन मजुलिया ले बसें,
मजुरावें वत्ता रे सलिया में लिहा ले बसेंड...
Posted on: Sep 14, 2018. Tags: BALRAMPUR CG CHANDARSAI SONG SURGUJIHA VICTIMS REGISTER WADRAFNAGAR
कावन लगावे माता अमरौ अमेली दाई आमा दो अमेली रे...सेवा गीत-
ग्राम पंचायत- भगवानपुर, पोस्ट-कालाबरती, थाना-चलगली, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से चंदरसाय एक सेवा गीत सुना रहे हैं :
कावन लगावे माता अमरौ अमेली दाई, आमा दो अमेली रे-
कावन लगावे घाने बास हो माई-
मोर सेवा लेले मईया, कावन लगावे धने बांस हो माई-
राजा लगावे माता अमरौ अमेली दाई, आमा दो अमेली रे-
रानी लगावे माता घने बांस हो माई-
मोर सेवा ले ले माता रानी लगावे माता घने बांस हो माई...
Posted on: Aug 22, 2018. Tags: BALRAMPUR CHANDARSAI CHHATTISGARH SONG SURGUJIHA VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : बरसात के दिनो में होने वाली बीमारी काई का घरेलू उपचार-
ग्राम-सुरषा जिराक, पोस्ट-कालाबरती, थाना-चलगली, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से चंदर साय बरसात के दिनों में अक्सर होने वाली बीमारी काई (कन्दई) का घरेलू उपचार बता रहे हैं, काई ऐसी बीमारी है, जो बारिश के दिनो में होती है, जिसमे पैर की उंगलियां नीचे से कट जाती है, ये हाथ में भी हो सकता है, जिससे चलने, काम करने में दिक्कत होती है, दर्द होता है, समस्या से पीड़ित व्यक्ति कड़ुआ (सरसो) का तेल और पीसी हल्दी को मिलाकर आग में पका लें और शाम को सोते समय काई वाले जगह में लगा लेवें, लगातार 3 दिन तक प्रयोग करने से लाभ मिल सकता है : संपर्क नंबर@9009784751.
