निर्भया निर्भया निर्भया !
वो मंजर भूलता नहीं इन
दिल में सिसकियाँ उठती है
अब तो हर आहट डराती है
दिल्ली अब शैतानी लगती है
न चाह के भी अपनी रूह छुपानी पड़ती है
अपनों से भी अब दूरी बनानी पड़ती है
हम सब में एक निर्भया बसती है
हम सब में एक निर्भया बसती है
Posted on: Dec 16, 2013. Tags: KM Yadav
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे...
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
अरविन्द हो गया रण वीर वे
आप बन गयी तकदीर वे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
शीला बन गयी डस्टबिन वे
दिल्ली हो गयी क्लीन वे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
राहुल न ला पाया जीत वे
कांग्रेस लुट गयी हर मोड़ वे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
आम आदमी हो गया क्रांतिवीर वे
देश देखेगा इंक़लाब की तस्वीर वे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
झाड़ू झाड़ू झाड़ू रे
झाड़ू रे झाड़ू रे झाड़ू रे …
Posted on: Dec 11, 2013. Tags: KM Yadav
अतुल्य भारत की अतुल्य गाथा...
अतुल्य भारत की अतुल्य गाथा
बलात्कार के अलावा और कुछ नहीं आता
सबको सिर्फ बलात्कार ही भाता
पिता बलात्कारी
नाना बलात्कारी
मामा बलात्कारी
चाचा बलात्कारी
नेता बलात्कारी
मंदिर का पुजारी बलात्कारी
मस्जिद का मौलवी बलात्कारी
स्कूल का अध्यापक बलात्कारी
कालेज का प्रिंसिपल बलात्कारी
कचहरी का वकील बलात्कारी
कोर्ट का न्यायधीश बलात्कारी
थाने का दरोगा बलात्कारी
अभिनेता बलात्कारी
सांसद बलात्कारी
विधायक बलात्कारी
पत्रकार बलात्कारी
सन्यासी बलात्कारी
बाबा बलात्कारी
योगी बलात्कारी
जोगी बलात्कारी
दोस्त बलात्कारी पड़ोसी बलात्कारी
अजनबी बलात्कारी
कारोबारी बलात्कारी
कर्मचारी बलात्कारी
अधिकारी बलात्कारी
हर तरफ बलात्कारी
Posted on: Dec 08, 2013. Tags: KM Yadav
बाल दिवस है पुकारता!
सुन ए मानव
घर का आंगन है बेटी
चेहरे की मुस्कान है बेटी
संदूक का धन है बेटी
रिस्तों की डोर है बेटी
माँ की लाज है बेटी
पिता का ताज है बेटी
परिवार का आधार है बेटी
समाज का श्रृंगार है बेटी
राष्ट्र का सम्मान है बेटी
दिए का प्रकाश है बेटी
पूर्णिमा का चाँद है बेटी
पेड़ो की डाल है बेटी
धूप में छाँव है बेटी
नदी में नाव है बेटी
जीवन की साँस है बेटी
कुदरत का उपहार है बेटी
तेरी बेटी-मेरी बेटी
हम सबकी बेटी-हम सबकी बेटी
सारे जहां से निराली है बेटी
सारे जहां से निराली है बेटी
Posted on: Nov 14, 2013. Tags: KM Yadav
आओ एक दिया जलाएं...
प्रेम और शांति के नाम
दया और करुणा के नाम
सदभावना और सौहार्द के नाम
विश्वबंधुत्व और भाईचारे के नाम
आपसी विश्वास और सम्बन्धो के नाम
हिन्द पाक दोस्ती के नाम
हरियाली और खुशहाली के नाम
आओ एक दिया जलाएं
इरोम शर्मीला और सोनी सोरी के नाम
निर्भया और दामिनी के नाम
माता पिता और गुरु के नाम
मानवता और इंसानियत के नाम
न्याय और लोकतंत्र के नाम
अपनी आत्मा और ख़ुशी के
आओ एक दिया जलाएं
एकता और मधुरता के नाम
समृद्धि और सम्पनता के नाम
प्रगति और विकास के नाम
नए सवेरे और नए विचारो के नाम
स्वतंत्रता और स्वराज के नाम
आओ एक दिया जलाएं
आओ एक दिया जलाएं
