सहकार रेडियो : बाल चौपाल (आलसी तिम्मा)
बच्चों सीजीनेट पर सहकार रेडियो का कर्यक्रम बाल चौपाल में आज आप सुनेंगे कहानी “आलसी तिम्मा” | इसे लिखा है एम आर शिवशंकर जी ने| आवाज़ और ध्वनि संपादन है शिल्पी दीदी का| इसे हमने https://www.sahkarradio.com से लिया है|
अपने गीत संदेश को रिकॉर्ड करने के लिये 08050068000 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं| (AR)
Posted on: Feb 13, 2021. Tags: SAHKAR RADIO SONG
सहकार रेडियो : बाल चौपाल (जिज्ञासा मेमना)
बच्चों, बाल चौपाल में आज आप सुनेंगे कहानी “जिज्ञासु मेमना” | यह एक चीनी लोककथा है| आवाज़ है पटना बिहार से वर्षा दीदी की | इस कार्यक्रम को 08050068000 पर मिस्ड कॉल कर सुन सकते हैं |
Posted on: Feb 12, 2021. Tags: BAL CHAUPAL SAHAKAR RADIO SONG VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर:वनवासी और उनके देवता
ग्राम-धनेली कनार, तहसील-भानुप्रतापपुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) व्यास साहू बताते हैं कि बस्तर आदिवासी क्षेत्र में वनवासी वनों की रक्षा करते हैं| वनवासी मूर्ती पूजा नहीं करते बल्कि वो जंगल से मिलने वाली लकड़ी से झूलानुमा ढांचा तैयार करके उसी की पूजा करते हैं| वनवासीयों की मौसमी जिंदगी वन उपज पर ही आधरित है| आदिवासी भाई वनों के बिना अधुरे हैं| समिति का कार्य वनों की रक्षा करना है| समिति अधिकारीयों के साथ बैठकर उनसे बातचीत करके नियम बनाती हैं| जनसँख्या बढ़ने के कारण वन के पेड़ो की कटाई करनी पड़ती है, पेड़ काटने से बचने क लिए बंजर जमीनों पर लोगों को बसाया जा रहा है| आदिवासी भाई महुआ से प्राप्त होने वाले रस को देवी देवताओं को चढ़ाकर त्यौहार मनाते हैं| बरसात कम होने की स्तिथि में शीतला माता कि पूजा करते हैं| बुढ़ा देव को वनवासी पूजते हैं| वनवासी प्राकृति की पूजा करते हैं| मेहमान आने पर वो उसको महुआ का रस पिने के लिये देते हैं| वन कानूनों के बारें में लोगो को जानकारी हो इसके लिए जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं| बाहरी ठेकेदारों पर कारवाई की जा रही हैं| वनवासी महुआ का फल, रस और अन्य वन्य उपज बेचकर अपना गुजारा करते हैं| वृक्षरोपण कार्यकर्मो को बढ़ाया जा रहा हैं|(RM)
Posted on: Feb 11, 2021. Tags: CG KANKER VANANCHAL SWARA VYAS SAHU
सहकार रेडियो : हवा की ताक़त की खोज की कहानी...
श्रोताओं सीजीनेट पर सहकार रेडियो के कार्यक्रम ज्ञान-विज्ञान की श्रृंखला में आज सुनिए हवा की ताक़त की खोज की कहानी | जिसे सुना रही हैं जयपुर, राजस्थान से सुनीता जी| लेख लिखा है अंशूमाला गुप्ता ने| इसे हमने लिया है ‘भारत ज्ञान विज्ञान समिति’ द्वारा प्रकाशित पुस्तक ‘खोजों की कहानी’ से| ध्वनि संपादन किया है शिल्पी ने| इस कार्यक्रम को https://www.sahkarradio.com/ से लिया गया है|
Posted on: Feb 10, 2021. Tags: SAHKAR RADIO SONG VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर: आने वाली पीढ़ी के लिए वन बचाते वनवासी...
ग्राम-हिटारकसा, तहसील-भानुप्रतापपुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से तुलसी राम साहू जी बताते हैं कि जंगल खत्म हो रहा है, अब जंगल में कुछ नहीं हैं। बाहरी ठेकेदारों ने आकर यहां के पेड़ काट डाले। यहाँ से मिलने वाले उपज घरों में ही इस्तेमाल हो पाते हैं, बेचने के लिए कुछ नही बचता। वैन समिति प्रयासरत है जिसकी वजह से अभी पेड़ो कि कटाई पर रुकावट है। गांव वाले भी अब समझते हैं। जंगल में लगने वाली आग को पानी दारा से बुझाते हैं। भालू भी गांव में आते रहते हैं, लेकिन किसी को कोई नुकसान नही पहुंचाते।
संपर्क:- 7724900502(RM)
