अमृत अगर पीना है, चैन से जीना है तो विचार लो...भक्ति गीत -
ग्राम-मानिकपुर, थाना-चलगली, पोस्ट-छेरता चैनपुर, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से लल्लू प्रजापति एक भक्ति गीत सुना रहे हैं:
अमृत अगर पीना है,चैन से जीना है-
तो विचार लो-
बाबा भोले नाथ को पुकारो-
संवरा छलिया दूर नहीं है-
छुपके ह्रदय में बैठा वो ही-
रूद्र होना है पल नहीं खोना है-
मन सुधार लो-
बाबा भोले नाथ को पुकार लो-
जिसने योगेश्वर को ना जाना-
व्यर्थ है दुनिया में उसका आना-
भक्तो ले सारथी भोला जी की आरती उतार लो-
बाबा भोले नाथ को पुकार लो...
Posted on: Jan 07, 2018. Tags: LALLU PRAJAPATI SONG VICTIMS REGISTER
मै समझ रहा हूँ तुम्हारा होना...कविता
जिला-रीवा (मध्यप्रदेश) से प्रीतमलाल प्रजापति एक कविता सुना रहें है:
मै समझ रहा हूँ तुम्हारा होना-
तुम्हारी इच्छाओं से कितनी छिपी रहती है-
हमारी ही प्रेम की इच्छा हमारे ही प्रेम से दूर-
हम किसे समझाते हैं किसे प्रेम करते है-
तुम्हारे सांथ अच्छा लगता है कमाकर प्याज खरीदना-
धूप में छत पर बैठ मटर छीलना मौसम की बात करना-
कभी-कभी दुवेचा बंधु को सुनना-
ऐसा क्या है इस जीवन में जो संभव हो तुम्हारे बिना-
प्रेम ही एक दिन अंत कर देता है प्रेम का इतने सलीके से...
Posted on: Nov 16, 2017. Tags: PRITAMLAL PRAJAPATI SONG VICTIMS REGISTER
नशाखोरी हमारे देश को खोखला कर रही है, इस समस्या से हमारे देश का भविष्य बर्बाद हो रहा है...
नशा एक सामाजिक बुराई है जो व्यक्ति को धीरे-धीरे अपने शिकंजे में जकड़ लेता है और शारीरिक रूप से बीमार और मानसिक रूप से भिखारी बना देता है| नशा करने वाले व्यक्ति का पूरा परिवार बिखर जाता है | नशाखोरी हमारे देश की प्रमुख चुनौती बन गई है| जब मनुष्य अत्यधिक आनंद प्राप्त के लिए कुछ पदार्थो का सेवन करने का आदि हो जाता है तब उसे नशाखोरी कहते है| नशाखोरी हमारे देश को खोखला कर रही है और इस समस्या से हमारे देश का भविष्य बर्बाद हो रहा है | शिक्षा पर भी उसका बुरा असर पड़ रहा है| देश में प्रत्येक व्यक्ति अगर संकल्प ले कि धूम्र पदार्थो का सेवन नहीं करेगा तभी ही हम नशाखोरी को जड़ से नष्ट कर पायेंगे| प्रीतमलाल प्रजापति@9522824525
Posted on: Nov 10, 2017. Tags: PRITAMLAL PRAJAPATI SONG VICTIMS REGISTER
आओ मिलकर पेड़ लगाये हरा भरा ये देश बनाये...पर्यावरण गीत
जिला-रीवा (मध्यप्रदेश) से प्रीतमलाल प्रजापति एक कविता सुना रहे है:
आओ मिलकर पेड़ लगाये-
हराभरा ये देश बनाये-
वातावरण को स्वच्छ बनाकर-
इस जीवन को स्वास्थ बनाये-
पेड़ न कोई कटने पायें-
मिलकर हम ये सब कसम खाएं-
पेड़ देते है वायु जीवन इसमें हो दीर्घायु – खुद समझे ओरो को बताये-
आओ मिलकर पेड़ लगाये-
हरा भरा ये देश बनाये...
Posted on: Nov 09, 2017. Tags: PRITAMLAL PRAJAPATI SONG VICTIMS REGISTER
एक कभी शब्द सुना था सगरो सुबह शाम दोपहर में...गीत
जिला-रीवा (मध्यप्रदेश) से प्रीतमलाल प्रजापति के साथ में मनीष कुमार है जो एक गीत सुना रहे हैं :
एक कभी शब्द सुना था सगरो सुबह शाम दोपहर में-
जय भीम गूंजता महू घर में भीम बाबा के शहर में-
गली-गली चौक चौराहा गूजे सबके नजर में-
हर जुबा पे भीम के नाम हवे एक ही मंजिल पैगाम हवे-
भीम नाम कि शक्ति बढ़ जाई मंजिल हमेश न छुट पाई-
एक कभी शब्द सुना था सगरो सुबह शाम दोपहर में...
