वनांचल स्वर : टाइफाइड का घरेलू उपचार-
ग्राम-रौचन, पोस्ट-राजा नवागाँव, तहसील-बोडला, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से खेलन साहू आज हमें टाईफाईड बीमारी से बचने के घरेलू उपाय बता रहे हैं, बारिश के मौसम के अक्सर ये बीमारी हो जाती है, इस बीमारी से बचने के लिए 2 ग्राम खूबकला, 10 नग मुनक्का और 5 नग अंजीर को लेकर रात को पानी फुला लें और सुबह चटनी बनाकर रोगी को खिलाना है, लगातार 5 दिन सेवन करने से आराम मिल सकता है, बच्चे को आधा सेवन कराएं, साफ़ सफाई का विशेष ध्यान रखें, अधिक जानकारी के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं. पर बुखार होने पर चिकित्सक के पास खून की जांच कराएं, और उनसे दवा लें, वह अनिवार्य है, उसके साथ यह घरेलू उपचार भी कर सकते हैं : संपर्क नंबर@7566279950.
Posted on: Aug 03, 2018. Tags: HEALTH KABIRDHAM KHELAN SAHU SONG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : वनों से प्राप्त जड़ी बूटी से बीमारी का ईलाज...
ग्राम-नेलवाडा, पंचायत-गोरगुंडा, ब्लाक-कोंटा, जिला-सुकमा (छत्तीसगढ़) से बंजम मडमा बता रहे हैं वे बुखार और आँख से संबंधित बीमारी की दवा देते हैं, 10 से ये काम कर रहे हैं, जड़ी पौधों के उपयोग ईलाज करने का तरीका उन्होंने अपनी माँ से सीखा था, ये जड़ी बूटी वे नेलवाड के जंगलो से लाते हैं, वे आज भी इलाज करते है और नि:शुल्क दवा देते हैं | संपर्क नंबर@9691154459.
Posted on: Aug 02, 2018. Tags: BAJAM MADMA SONG SUKMA CG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : डेंगू और चिकनगुनिया से बचने का घरेलू उपचार-
प्रयाग विहार, मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच.डी.गांधी आज हम लोगो को डेंगू, चिकन गुनिया से बचने का एक घरेलु उपचार बता रहे है एलोवेरा जिसे गवार पाठा और घृतकुमारी के नाम से भी जाना जाता है इसको 100 ग्राम, लेकर उसके किनारे जो कांटे होते है उसे निकाल दें, ग्लोय गुरबेल का बेल ताजा 50 ग्राम लें, पपीते के पत्ते 100 ग्राम, अनार दाना 100 ग्राम सभी को साफ़ कर मिलाकर जूस बनाकर रख लें, फिर 50-50 ग्राम दिन में 4 बार सेवन करें, मिर्च, मसाला, तेल, खटाई, मैदा नमक का प्रयोग कम करें नशा न करें, संतुलित भोजन ग्रहण करे, गर्म पानी का प्रयोग करें, ठण्ड से बचे | संपर्क नंबर@9111061399.
Posted on: Aug 01, 2018. Tags: HD GANDHI HEALTH RAIPUR CG SONG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : शक्तिवर्धक घरेलू उपचार -
प्रयाग विहार, मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच. डी. गांधी आज हम लोगो को शक्ति वर्धक घरेलू उपचार बता रहे है, बबूल की छाल 50 ग्राम, बबूल की गोंद 100 ग्राम, बबूल की पत्ती 100 ग्राम, जड़ 50 ग्राम, फल्ली 100 ग्राम सभी को मिलाकर चूर्ण बना लें और चूर्ण के बराबर मात्रा में मिश्री मिला लें, और एक-एक चम्मच चूर्ण सुबह खाली पेट और रात को सोते समय गुनगुने दूध के सांथ लगातार सेवन करने से शीघ्र लाभ होता है, खाने में मिर्च-मसाला, तेल, खटाई, गरिष्ठ भोजन का प्रयोग कम करें, नशा न करें, अच्छी पुस्तक और अच्छी फिल्मो को देखे, पढ़े, स्वादिष्ट भोजन ग्रहण करें: एच. डी. गाँधी@9111061399.
Posted on: Jul 31, 2018. Tags: HD GANDHI HEALTH SONG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : पवाड के बीजो से सोरायसिस चर्म रोग का उपचार-
ग्राम-रनई, थाना-पटना, जिला-कोरिया (छत्तीसगढ़) से वैद्य केदारनाथ पटेल सोरायसिस चर्म रोग को ठीक करने का वन औषधि उपचार बता रहे है कि पवाड के बीजो को सुखाकर पाउडर बना लेवे और पाउडर बनाने के बाद 2 किलो मट्ठा ले उसे 2 किलो मट्ठा में 100 ग्राम पवाड़ के चूर्ण को मिला दे | मिलाने के बाद एक हफ्ते तक कपड मिटटी करके मटकी में उसको रख दे | पड़ा रहने दे उसको खोले न | एक हफ्ते के बाद खोलकर चर्म हुए स्थान पर रोज लगाये, रोज लगाने के बाद उसको गुनगुने पानी से धुले| उसमे साबुन का इस्तेमाल बिलकुल न करें | कितना भी भयानक चर्म रोग हो 15 दिन एक महिना या बड़ा हो तो डेढ़-दो माह तक लगाने से पूर्ण रूप से सोरायसिस चर्म रोग समाप्त हो जाता है | इसका होम्योपैथीक और हेलोपेतिक में कोई दवाई नहीं है| ये एकदम रामबाण की तरह दवा है, अधिक जानकारी के लिए संपर्क नम्बर@9826040015.
