ख़त लिख दूँ भागवान तुझे गर सही पता लग जाये मुझे...भजन-
मानिकपुर से राम गोपाल भजन सुना रहे हैं:
कोई साधू संत ब्राम्हण बैरागी-
ऋषि मुनि बत लाये तुझे-
ख़त लिख दूँ भागवान तुझे गर –
सही पता लग जाये मुझे-
श्री गणेशाय प्रथम लिखूं और-
सिद्ध श्री सुख धाम लिखूं-
कमला पति और गौरा पति सीता पति श्री राम लिखूं...(AR)
Posted on: Feb 24, 2021. Tags: BHAKTI SONG RAMGOPAL
लॉकडाउन में फंसे है, राशन दिलाने में मदद करें...
पुणे महाराष्ट्र से अस्रारामम और शिव गोपाल पटेल बता रहे हैं कि वे सिद्धार्थ नगर जिला उत्तर प्रदेश के निवासी हैं, लॉकडाउन में पुणे में फंसे हैं वहां काम करने के लिये आये थे, अभी काम बंद है, जिसके कारण खाने की समस्या हो रही हैं, उनके साथ 25 लोग हैं, सभी कंपनी में मजदूरी का काम करते हैं, किराये के मकान में रहते हैं, वे सीजीनेट के श्रोताओं से अपील कर रहे हैं कि अधिकारियों से संपर्क कर राशन दिलाने में मदद करें: संपर्क नंबर@7470622672. (165318)
Posted on: Apr 21, 2020. Tags: CORONA PROBLEM MH PUNE SHIV GOPAL PATEL SONG VICTIMS REGISTER
अरे द्वारपालों कहना से कह दो...भजन-
जिला-कोरिया (छत्तीसगढ़) से गोपाल सूर एक भजन सुना रहे हैं :
देखो देखो यह गरीबी, यह गरीबी का हाल-
कृष्ण के दर पे यह विशवास ले के आया हूँ-
मेरे बचपन का दोस्त हैं मेरा श्याम-
येही सोच कर मैं आस ले कर के आया हूँ-
अरे द्वारपालों कहना से कह दो-
दर पे सुदामा गरीब आ गया है-
भटकते भटकते ना जाने कहाँ से-
तुम्हारे महल के करीब आ गया है...
Posted on: Aug 05, 2019. Tags: CG GOPAL SUR KORIYA SONG VICTIMS REGISTER
मैं बालक तू माता शेरा वालिए...भजन-
दृष्टिहीन विद्यालय, जिला-कोरिया (छत्तीसगढ़) से गोपाल सिंह एक संगीतमय भजन प्रस्तुत कर रहे हैं :
मैं बालक तू माता शेरा वालिए-
है अटूट यह नाता शेरा वालिए-
शेरां वालिए माँ, पहाड़ा वालिए माँ-
मेहरा वालिये माँ, ज्योतां वालिये माँ-
तेरी ममता मिली है मुझको, तेरा प्यार मिला है-
तेरे आँचल की छाया में मन का फूल खिला है...
Posted on: Jul 16, 2019. Tags: CG GOPAL SINGH KORIYA SONG VICTIMS REGISTER
पंछी का पर क़तर के कहते हैं, उडके दिखाओ...गीत-
चिरमिरी, जिला-कोरिया (छत्तीसगढ़) से गोपाल सूर एक संगीतमय गीत सुना रहे हैं :
पंछी का पर क़तर के कहते हैं, उडके दिखाओ-
जुवां काट के दुनिया वाले, कहते हैं तुम गाओ-
रोना चाहे रोना पाये दिल कितना मजबूर है-
किसे पता है कौन बताये किसे क्या मंजूर है-
लेके के आचल के तले, मुझको वरदान दिया-
मैंने देखा वही माँ ने जो ज्ञान दिया...
