आना पवन कुमार हमारे घर कीर्तन में...भजन-

सीजीनेट श्रोता गौरव शर्मा जो नेत्रहीन हैं, उत्तर प्रदेश के निवासी हैं एक भजन सुना रहे हैं:
आना पवन कुमार हमारे घर-
कीर्तन में-
आप भी आना संग गौर जी को लाना-
संग भोले जी को लाना-
भोले जी को लाना सांथ, हमारे घर-
कीर्तन में... (AR)

Posted on: Feb 10, 2021. Tags: BHAJAN SONG SONG VICTIMS REGISTER

आगे-आगे राम चलत हैं,पाछे लक्ष्मण भाई...भजन-

जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से राजेंद्र गुप्ता एक भजन सुना रहे हैं:
रथ चढ़े रोये जानकी माई
मोर रोये जानकी माई-
मोर दोनों कसकिया लागे-
कौन बन ढूढ़ों माई-
आगे-आगे राम चलत हैं-
पाछे लक्ष्मण भाई-
जनकपूरी के प्राण प्यारी,कौन हर ले जाई...(AR)

Posted on: Feb 09, 2021. Tags: BHAJAN SONG VICTIMS REGISTER

गुइयाँ रे हे गुइयाँ...गीत

जिला-जांजगीर चांपा (छत्तीसगढ़) से चंद्रकांत लहरे गीत सुना रहे हैं
गुइयाँ रे हे गुइयाँ-
परी के तै सोन चिड़िया-
तोर बोली कु कु,कू कोयलिया-
तन मन मा आग लगे-
परी के तै सोन चिड़िया...(AR)

Posted on: Feb 09, 2021. Tags: SONG VICTIMS REGISTER

वनांचल स्वर: जंगली पेड़ों के लाभ...

ग्राम-चाहचड़, तहसील भानुप्रतापपुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से संतराम सलाम बताते हैं कुसुम के बीज से जो तेल मिलता है, उसे लगाने से खुजली खत्म होती है। महुआ का पेड़ भी बहुत महत्त्व रखता है, इसको देवी देवताओं में भी चढ़ाया जाता है और खाया भी जाता। फल टोरी बीनते हैं। तेल खाने, लगाने में उपयोग किया जाता है। क्योटी का तेल घी के बराबर स्वाद देता है। भेलवा का तेल कांटा या खूंटा चुभने पर लगाया जाता है| दवाई के रूप में, यह जहरीला भी होता है। इसको गर्म करके लगाया जाता है। अंगुड का तेल एक ही बेल में कई सारे लगते हैं, इसके बीज का तेल दर्द और घाव पर लगातें हैं। भोईनीम सबसे ज्यादा कड़वा होता है, और ज्यादा असरदार भी है। इसका उपयोग लोग अभी भी करते हैं। ये पेड़ अभी भी हैं।
संपर्क@7647070617. (185781) GT

Posted on: Feb 09, 2021. Tags: CG KANKER SANTRAM SALAM VANANCHAL SWARA

आप आये चमन में बसंत आ गई...स्वागत गीत-

जिला-जौनपुर (उत्तरप्रदेश) से अब्दुल स्वागत गीत सुना रहे हैं:
आप आये चमन में बसंत आ गई-
कोकिला गा उठी स्वागतम-स्वागतम-
नीले आकाश से फूल झड़ने लगी-
चाँद तारे गगन से बिछड़ने लगे-
गुन गुनाया चमन स्वागतम-स्वागतम...(AR)

Posted on: Feb 09, 2021. Tags: SONG VICTIMS REGISTER

« View Newer Reports

View Older Reports »