सुनो देश की लला, सुनो देश की लली, काम ऐसा करो जग की होवे भला...प्रेरक गीत
ग्राम-बद्री, पोस्ट-निर्गुटी, तहसील-कुसमी, जिला-सीधी मध्यप्रदेश से अंगद प्रसाद सिंह परस्ते एक गीत सुना रहे हैं :
सुनो देश की लला, सुनो देश की लली-
काम ऐसा करो जग की होवे भला-
मानव से मानव करे एकता की बात-
मिले सम्मान न्याय रोटी दाल भात-
होवे ऐसी कला काम ऐसा करो-
जग की होवे भला...
पढ़े-लिखे अनपढ़ को अक्षर सीखाय-
रंग भेद छुआ छूत सभी भूल जाए-
रहो दिल में मिलाये काम ऐसा करो-
जग की होवे भला-
सुनो देश की लला...
मेहनत कर खेती अन्न खूब उगाये-
बिगड़े न पर्यावरण वृक्ष लगाए-
जुडी बूटी मिला ऐसा काम करो-
जग का होवे भला...
