आजादी को आंच ना आये चाहे तन मन धन खो जाये...
आजादी को आंच ना आये चाहे तन मन धन खो जाये
हम हैं पहरेदार देश के, हम हैं सरदार देश के...
अगर किसी ने आग लगाई, बंदूकों धौंस दिखाई ,
उसका नाम निशान मिटायें आजादी को आंच ना आये
हममें खून शहीदों का है, हम में शान शहीदों का है ,
भगत सिंह के भईया हैं हम, भारत माँ की नईया हैं हम
आजादी के डंडे खाये,आजादी को आंच ना आये !
हम झाँसी के रानी हैं, हममे बीरों का पानी है !
गाँधी बाबा शपथ तुम्हारी, नहीं मिटेगी शान तुम्हारी ,
चाहे जान भले ही जाये, आजादी को आंच ना आये
