पन्द्रह अगस्त के दिनवा त लह-लह झंडा फहराए हैं...
पन्द्रह अगस्त के दिनवा त लह-लह झंडा फहराए हैं
ललना हम नहीं जननी अजदिया गुलमिया में दिन कटनी-२
खेतवा में करी ला रोपनिया, सोहानिया न हो
ललना तबहू ना आवे घर अनजाव करजवा में बीत गैईले दिनवा
स्वमी मोरे करेलें गुलामिया करेजवा कुमिहिलाई गैईले.
तबहू ना आवेला अनजाव करजवा में बीत गैईले दिनवा
