मेरा उम्र हुआ पचपन का चाल चलन है बचपन का...रचना-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से राजेंद्र गुप्ता एक रचना सुना रहे हैं:
मेरा उम्र हुआ पचपन का-
चाल चलन है बचपन का-
हरियाली सी प्रेम सदा एक सा-
एक संत ने कहा जिन्दगी में कभी-
न करना खेती एक सा-
धान बोओगे तो कोदो जागेगा-
लोहे की खेती तुझे खूब भायेगा...
