आके जिंदगी ला तोर बंधा ले...गीत-
रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से घासीदास महंत एक गीत सुना रहे है:
आके जिंदगी ला तोर बंधा ले-
मसीह के बंधना मा-
कबहू झन छोड़बे मसीह के बंधना-
तै कखरो कहना मा-
आके जिंदगी ला तोर बंधा ले-
मोर मसीह के बंधना मा...(AR)
रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से घासीदास महंत एक गीत सुना रहे है:
आके जिंदगी ला तोर बंधा ले-
मसीह के बंधना मा-
कबहू झन छोड़बे मसीह के बंधना-
तै कखरो कहना मा-
आके जिंदगी ला तोर बंधा ले-
मोर मसीह के बंधना मा...(AR)