स्वास्थ्य स्वर : हर्निया की बीमारी का घरेलू उपचार और परहेज-
प्रयाग विहार, मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच डी गांधी हर्निया बीमारी का घरेलू उपचार बता रहे हैं| रसना 50 ग्राम, मुलेठी 50ग्राम, गिलोय 50 ग्राम, अरंड की जड़ (अंडी) 50 ग्राम, अमलताश की गिरी 50 ग्राम, गोखरू 50ग्राम, पटोल 50 ग्राम, अडूसा की पत्ती 50 ग्राम। सभी को साफ कर, पीसकर दरदरा चूर्ण बना लें| एक चम्मच चूर्ण को 4 कप पानी में उबले, जब एक कप शेष रह जाये, तो एक चम्मच कैस्ट्रॉल या अरंड का तेल मिलायें| इसे सुबह खाली पेट और रात में सोने से पहले सेवन करें| इसका सेवन लाभ 3 माह तक कर सकते हैं| वजन न उठाये, मेहनत का काम न करें| मिर्च मसाला, तेल खटाई,गरिष्ठ भोजन का प्रयोग न करें| नशा न करे : एच डी गांधी@9111061399.
