हुआ सबेरा चिड़िया बोली...बाल कविता
बगीचा पारा, ग्राम-परमेश्वरपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से आंगनवाडी के बच्चे शशिकला, संगीता और अंजू एक बाल कविता सुना रहे है:
हुआ सबेरा चिड़िया बोली-
बच्चो ने तब आँखे खोली-
अच्छी बच्ची मंजन करती-
मंजन करके कुल्ला करती-
कुल्ला करके मुंह को धोते-
मुंह को धोकर रोज नहाते-
रोज नहाकर खाना खाते-
खाना खाकर पढने जाती...

