किसान स्वर: हम आदिवासी धान की खेती करते है लेकिन कोई भी खाद का उपयोग नहीं करते है...
सीजीनेट जनपत्रकारिता यात्रा आज ग्राम-मोलसनार, जिला-दंतेवाडा (छत्तीसगढ़) में पहुँची है वहां से कन्हैयालाल केवट के साथ में गाँव के किसान साथी बोंगो, बुधुराम भास्कर, हूँगा, सुन्दरलाल कडती, पुदियाराम भास्कर, दिनेश भास्कर और लिंगाराम है जो बता रहे है कि ये सब लोग खेती का काम करते है और सभी 10 से 15 खंडी धान बोते है, धान के आलावा जोंदरा, अरहर, मूंग मसूर, तिल, हरवा भी बोते है और इसमें ये लोग कोई भी खाद का उपयोग नहीं करते है और जो गाय के गोबर की खाद होती है जो घर के आसपास पड़ी रहती है वो घर के आसपास में ही मिर्ची का पौधा है उनमे डालते है बाकि कोई जगह पर कोई खाद नहीं डालते है | कन्हैयालाल केवट@8225027272

