5.6.31 Welcome to CGNet Swara

कौआ और भैंस की एक कहानी: कुआ भैंस की पीठ पर क्यों बैठता है? (गोंडी भाषा में)

ग्राम-चाचड़, तहसील-दुर्गकोंदल, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) से कंचन वड्डे गोंडी भाषा में कहानी सुना रही है : एक पेड़ के ऊपर कौआ बैठा था नजदीक ही एक खेत में पानी पीने एक भैस आया कौआ बोला भैसा भैया मै भी आपके जैसा ही पानी पी सकता हूँ उसके ही बगल में दो खेत में पानी भरा था दोनों ने कहा एक-एक खेत का पानी पीना तय हुआ दोनों पानी पीना शुरू कर दिया थोडा सा पानी छोटा कौआ तक गया परन्तु हिम्मत नहीं हारा कुछ ही समय में खेत मालिक आया और जिस खेत का पानी को कौआ पी रहा था उसी खेत को फोड़ दिया पूरा खेत खाली हो गया कौआ बहुत खुश हुआ! पानी मैंने पी लिया!और भैस हार गया तब से भैसा के पीठ पर कौआ बैठ रहा है!

Posted on: Jul 12, 2018. Tags: KAHANI KANCHAN WADDE

तोता और मैना की कहानी (गोंडी भाषा में)

ग्राम- गुन्दुल, पोस्ट-पानीडोबरी, विकासखंड-कोयलीबेडा, तहसील-पखांजूर जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) से रमा कडियम गोंडी भाषा में एक कहानी बता रही है. कहानी इस प्रकार है: एक पिंजरे में बंद तोता से मैना बोली आप बहुत मजे में रहते हो| बैठे-बैठे अच्छा-अच्छा खाना मिलता है. बहुत बढ़िया पानी भी मिलता है| काश मुझे भी ऐसी पिंजरे की जिंदगी मिल जाती मुझे तो दिन रात भोजन और पानी के लिए भटकना पड़ता है तब कही अन्नकण अपने पल्ले पड़ते है| आप चाहते है की पिंजरे की जिन्दगी मिले तो ठीक है आ जाओ पिंजरे में मै जाता हूँ वन में ऐसे कहकर तोता जंगल में उड़ गया |

Posted on: Jul 09, 2018. Tags: GONDI KAHANI RMA KADIYAM

Recording a report on CGNet Swara

Search Reports »


Supported By »


Environics Trust
Gates Foundation
Hivos
International Center for Journalists
IPS Media Foundation
MacArthur Foundation
Sitara
UN Democracy Fund


Android App »


Click to Download


From our supporters »